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उमंग ऐप के जरिए लाखों कर्मचारियों ने निकाला पीएफ का पैसा

नई दिल्ली। यूनिफाइड मोबाइल एप्लिकेशन फॉर न्यू-एज गवर्नेंस (उमंग) कोविड-19 महामारी के दौरान ईपीएफओ के सदस्यों के बीच काफी प्रभावकारी एवं लोकप्रिय रहा क्योंकि उन्हें घर बैठे ही बिना किसी बाधा के निरंतर सेवाएं मिलती रहीं। मौजूदा समय में कोई भी पीएफ सदस्य ‘उमंगÓ ऐप का उपयोग कर अपने मोबाइल फोन पर ईपीएफओ की 16 विभिन्न सेवाएं प्राप्त कर सकता है।
केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्रालय का कहना है कि ईपीएफओ की ये सेवाएं पाने के लिए एक सक्रिय यूएएन और ईपीएफओ में पंजीकृत मोबाइल नंबर रहना आवश्यक है। उमंग ऐप पर ईपीएफओ की सदस्य-केन्द्रित सेवाओं का व्यापक उपयोग कोविड-19 महामारी के दौरान इसके सदस्यों ने किया। मंत्रालय के अनुसार अप्रैल से जुलाई, 2020 के दौरान उमंग ऐप के जरिए कुल 11.27 लाख दावे दाखिल या प्रस्तुत किए गए। यह दिसम्बर 2019 से मार्च 2020 तक की कोविड-19 से पहले की अवधि की तुलना में 180 फीसदी अधिक है क्योंकि इस दौरान ऐप के जरिए केवल 3.97 लाख दावे ही प्रस्तुत किए गए थे। उमंग ऐप से सदस्यों को कोविड-19 महामारी के दौरान कहीं भी आने-जाने पर लगी पाबंदी के बावजूद ईपीएफओ की सेवाएं प्राप्त करने में कोई भी परेशानी नहीं उठानी पड़ी। दरअसल, इस सुविधा से ईपीएफओ के कार्यालय जाने की जरूरत काफी कम हो गई। मंत्रालय के अनुसार इस ऐप के जरिये आप कर्मचारी भविष्य निधि, पैन, आधार, डिजिलॉकर, गैस बुकिंग, मोबाइल और इलेक्ट्रिसिटी बिल पेमेंट इत्यादि जैसी सुविधाओं का फायदा ले सकते हैं। इस ऐप के जरिए आप ईपीएफ में अपना डिपॉजिट देख सकते हैं। हालांकि, इसके लिए आपके पास ऐक्टिव यूएएन (यूनिवर्सल अकाउंट नंबर) होना चाहिए।