अल्मोड़ा(आरएनएस)। आगामी अग्नि सत्र को देखते हुए वनाग्नि की संभावित घटनाओं से निपटने और जनसुरक्षा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से बुधवार को द्वाराहाट, लमगड़ा और भतरोजखान क्षेत्रों में संयुक्त मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। यह अभ्यास वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक चंद्रशेखर घोड़के के निर्देशन और मुख्य अग्निशमन अधिकारी नरेंद्र सिंह कुंवर के पर्यवेक्षण में किया गया। कोतवाली द्वाराहाट के प्रभारी निरीक्षक विनोद जोशी और थाना लमगड़ा के प्रभारी प्रमोद पाठक के नेतृत्व में पुलिस, राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल, अग्निशमन सेवा और अन्य विभागों ने संयुक्त रूप से इसमें भाग लिया। मॉक ड्रिल के दौरान जंगल में आग लगने की स्थिति का सजीव प्रदर्शन कर त्वरित प्रतिक्रिया, समन्वय और उपलब्ध संसाधनों के प्रभावी उपयोग का अभ्यास किया गया। इस दौरान वन संपदा की सुरक्षा, जनजीवन को सुरक्षित रखने और आधुनिक तकनीकों के माध्यम से आग पर नियंत्रण पाने की प्रक्रिया का प्रदर्शन किया गया। साथ ही संभावित जनहानि की स्थिति में घायलों को प्राथमिक उपचार देने और सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने का भी अभ्यास किया गया। इसके अतिरिक्त भतरोजखान क्षेत्र में सड़क सुरक्षा को लेकर भी मॉक ड्रिल आयोजित की गई। थाना भतरोजखान के प्रभारी अवनीश कुमार की उपस्थिति में पुलिस और अन्य विभागों ने सड़क दुर्घटना की स्थिति में रेस्क्यू उपकरणों के उपयोग, घायलों को बाहर निकालने, प्राथमिक उपचार देने और उन्हें शीघ्र चिकित्सालय पहुंचाने की प्रक्रिया का अभ्यास किया। मॉक ड्रिल के माध्यम से विभिन्न विभागों के बीच समन्वय को मजबूत करने और आपदा की स्थिति में त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रतिभागियों को प्रशिक्षित और जागरूक किया गया।
वनाग्नि रोकथाम और सड़क सुरक्षा को लेकर संयुक्त मॉक ड्रिल आयोजित











