नई दिल्ली (आरएनएस)। देश में कोरोना की दूसरी लहर को देखते हुए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने अपने तहत आने वाले देश के सभी स्मारकों में पर्यटकों के प्रवेश पर 15 मई तक के लिए रोक लगा दी है। इसका अर्थ यह है कि अब दर्शकों को ताज महल, लाल किला और कुतुब मीनार जैसी इमारतों का दीदार करने के लिए कम से कम 15 मई या एएसआई के अगले आदेश तक इंतजार करना होगा। ये जानकारी खुद केंद्रीय संस्कृति और पर्यटन मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने ट्वीट करके दी है।
कोरोना वायरस के संक्रमण की वर्तमान स्थिति को देखते हुए संस्कृति मंत्रालय ने भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) द्वारा संरक्षित सभी स्मारकों को आगामी 15 मई तक बंद रखने का निर्णय किया है। वहीं, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) के आदेश में कहा गया है कि, ‘‘कोविड-19 की वर्तमान स्थिति को देखते हुए सभी केंद्रीय संरक्षित स्मारकों/स्थलों तथा भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के तहत संग्रहालयों को तत्काल प्रभाव से 15 मई या अगले आदेश तक बंद रखने का फैसला किया गया है।’’ सूत्रों के अनुसार, 3693 स्मारक और 50 संग्रहालय 15 मई तक बंद रहेंगे।
एएसआई के संरक्षण वाले सभी 3693 ऐतिहासिक धरोहर 15 मई तक बंद










