ब्रिटेन। दुनिया में कोरोना की तरह एक और नई बीमारी ने दस्तक दी है। इस महामारी को डिसेज एक्स कहा जा रहा है और यह इबोला की तरह से ही बहुत घातक है। इस बीमारी के बारे में प्रोफेसर जीन-जैक्स मुयेम्बे तांफुम ने कहा कि मानवता अज्ञात संख्या में नए वायरस का सामना कर रही है। उन्होंने कहा कि अफ्रीका के वर्षा वनों से नए और घातक वायरस के पैदा होने का खतरा पैदा हो गया है। अमेरिकी टीवी चैनल को दिए साक्षात्कार में प्रोफेसर जीन ने कहा, आज हम एक ऐसी दुनिया में हैं जहां नए वायरस बाहर आएंगे। और ये वायरस मानवता के लिए खतरा बन जाएंगे। प्रोफेसर तांफुम ने कहा कि हम ऐसी दुनिया में रह रहे हैं जहां कई रोगजनक वायरस सामने आएंगे। उन्होंने इंसानों से जानवरों में बीमारी के संभावित प्रसार को लेकर कहा कि यह मानवता के लिए कहीं अधिक खतरनाक हो सकता है और इसकी शुरुआत अफ्रीकी ऊष्ण कटिबंधीय वर्षा वनों से होने की आशंका है। इबोला वायरस का पता लगाने के बाद से ही प्रोफेसर मुएंबे तांफुम अधिक खतरनाक वायरसों की खोज करने के काम में लगे हुए हैं। दरअसल, अफ्रीकी देश कांगो गणराज्य में एक महिला में एक घातक वायरस देखा गया है। इसे इबोला जांच के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। वैज्ञानिकों को लग रहा है कि यह कोई नया वायरस है। वैज्ञानिकों के अनुसार यह वायरस कोरोना से अधिक तेजी से फैल सकता है। वहीं इबोला की तरह ही जानलेवा है।
दुनिया में नए वायरस की दस्तक, मानवता के लिए खतरे की घंटी




