देहरादून। दून पुस्तकालय एवं शोध केंद्र की ओर से शनिवार को दून पुस्तकालय के संस्थापक संरक्षक और पूर्व मुख्य सचिव उत्तराखंड शासन सुरजीत किशोर दास की प्रथम पुण्य तिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई। वक्ताओं ने उनके जीवन पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सुरजीत किशोर दास एक कुशल व प्रतिबद्ध प्रशासनिक अधिकारी थे। उन्हें साहित्य, इतिहास कला, गीत, संगीत और खेल विषयों की गहन जानकारी थी। उनकी याद में सुनील मुखर्जी और सैकत मंडल ने रवींद्र संगीत के स्वरों की एक प्रस्तुति दी। इसके बाद रिमम्बरिंग सुरजीत पुस्तक का लोकार्पण किया गया। पुस्तक में सुरजीत किशोर दास पर उनकी स्मृतियों से जुड़े प्रबुद्ध जनों के 21 आलेख शामिल किए गए हैं। इसका सम्पादन गांधीवादी विचारक बिजू नेगी ने किया है। दून पुस्तकालय एवं शोध केन्द्र के निदेशक एन रवि शंकर ने कहा कि सुरजीत कुमार दास सिविल सेवक, विद्वान, क्रिकेट प्रेमी, संस्कृति को बढ़ावा देने के साथ ही मानवतावादी प्रकृति के बहुमुखी व्यक्ति थे। इस दौरान निकोलस हॉफलैंड, इरा चौहान, बिजू नेगी, सुरजीत किशोर दास की पु़त्री निवेदिता मिश्रा और उनकी पत्नी व पूर्व प्रमुख सचिव, उत्तराखंड शासन विभापुरी दास, इन्दुकुमार पांडे, एनएस नपलच्याल, कर्नल एसएस रौतेला, चन्द्रशेखर तिवारी, कर्नल वीके दुग्गल, अभि नन्दा, विनीता शाह, डॉ योगेश धस्माना, अम्मार नकवी, एस फारुख, एलेन सीली, अरविंद कृष्ण मेहरोत्रा, अनिल नौरिया, विजय शुक्ला, कुसुम रावत, शैलेन्द्र कुमार, जय भगवान गोयल, केबी नैथानी, रॉबिन कर्माकर, सुंदर सिंह बिष्ट, जगदीश सिंह महर आदि मौजूद थे।
प्रथम पुण्य तिथि पर सुरजीत किशोर दास को किया याद










